दरभंगा।बहादुरपुर प्रखंड क्षेत्र के हरिपट्टी पंचायत के हरिपट्टी रहिटोल में शुक्रवार को पासवान समुदाय के द्वारा राजा सलहेश का पूजा धूमधाम से मनाया गया। सावन महिने के प्रथम दिन से ही पूजा अर्चना को लेकर लोग अपने पैतृक गांव व अनुष्ठान के संस्थान पर सर्वसम्मति से अपने कुलदेवता के पूजा की तैयारी में जुटे रहते हैं।
मान्यता है कि भगवान राजा सल्हेश एक युग में पासवान जाति के सबसे बड़े शक्तिशाली राजा के रूप में जाने जाते थे।उन्होंने अपने पासवान समाज के उत्थान व संगठित करने के लिए पासवान समाज का एक बड़ा सम्मेलन किया था।तब से इस प्रकार के पूजा से समाज के एकता और अखंडता के लिए महानायक सिद्ध हुए।तब से ही लोग राजा सल्हेश का पूजा अर्चना व मोहत्सव मनाते है।उनकी कई गाथाएं हैं जिसे लोग इस प्रकार के मौके पर एक दूसरे को सुनते व सुनाते हैं। इन्हें आज भी पासवान समुदाय के लोग इष्टकुल देवता के रूप में पूजते हैं।बता दें कि हरिपट्टी रहीटोल में बीते वर्ष कोरोना महामारी को लेकर पूजा अर्चना स्थगित किया गया था। जहाँ पासवान समुदाय के लोगों ने अपने भगवान को स्मरण कर ही पूजा किए थे।हरिपट्टी राहीटोल में अयोजित राजा सल्हेश पूजा को अधिक से अधिक रोचक बनाने के लिए भगत के रूप में बेनीपुर प्रखंड के बहेड़ा कोतवाली टोल निवासी अरुण पासवान को बुलाया गया है।वहीं मृदंग व बादक को बिरौल के देकुली धाम पवरा गांव से आमंत्रित किया गया है।स्थानीय भगत प्रदीप पासवान ने पूजा अर्चना को रोचक बनाने के लिए अपने कलाकृति से कोई कसर नहीं छोरे।पूजा-अर्चना के लिए स्थानीय लोग सुबह से हर्षोल्लास के साथ जुटे रहे। दोपहर तीन बजे से पूजा प्रारंभ किया गया जो शाम तक चलता रहा।आसपास के दर्जनों गांवों के विभिन्न समुदाय के लोग भी पूजा में भाग लिया व मन्नते मांगी।मौके पर बहादुरपुर विधानसभा के विधायक सह बिहार सरकार के समाज कल्याण मंत्री मदन साहनी, मुखिया कैलाश कुँवर आयोजन समिति के सदस्य धर्मेंद्र पासवान,राहुल पासवान,रवि पासवान, लक्ष्मण पासवान,गनोर पासवान,दीपक पासवान, दीलिप पासवान,सूरज पासवान, बैजनाथ,चंदन,रंजीत,अशोक समेत रहिटोल के समस्त पासवान परिवार भी उपस्थित थे।