तालाब बचाओ अभियान के शिष्टमंडल ने सोमवार को ही डीएम से मिलकर शहर के एक तालाब का जीर्णोद्धार करने की बधाई दी थी। साथ ही अन्य तालाबों से अतिक्रमण हटाने व जीर्णोद्धार की मांग करते हुए तालाब बचाओ अभियान से जुड़े लोगों पर खतरे की आशंका को देखते हुए सुरक्षा उपलब्ध कराने की गुहार लगायी थी। इसके अगले ही दिन मंगलवार को शहर के बेंता चौक, अस्पताल रोड निवासी तालाब बचाओ अभियान के सहयोगी मनोज साह की दुकान में घुसकर उनके साथ गाली-गलौज की गयी व उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई।
इस मुद्दे को लेकर तालाब बचाओ अभियान के पदाधिकारियों ने मंगलवार को प्रमंडलीय आयुक्त, डीआईजी, डीएम व सिटी एसपी को आवेदन देकर मनोज साह की सुरक्षा की गुहार लगायी है। आवेदन में कहा गया है कि शहर के गामी पोखर को मिट्टी से भरा जा रहा है। सोमवार को भी इस तालाब में मिट्टी भरी जा रही थी व निर्माण कार्य किया जा रहा था। इस संबंध में मनोज साह ने सोमवार को बेंता ओपी में शिकायत करते हुए तालाब में मिट्टी भरने व निर्माण कार्य को रोकने का अनुरोध किया था। इसी शिकायत की वजह से मनोज साह को धमकी दी गई है।
आवेदन में कहा गया है कि वर्तमान में गामी पोखर का केस समाहर्ता के न्यायालय में लंबित है। इस केस में मनोज साह और नारायण जी चौधरी इन्टरवेनर हैं। आवेदन में मनोज साह एवं तालाब बचाओ अभियान से जुड़े अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं के जान-माल की सुरक्षा करने तथा तालाब के हत्यारे के खिलाफ कानून के तहत उचित दंडात्मक कार्रवाई करने की मांग की गयी है। आवेदन की प्रतिलिपि सदर सीओ व बेंता ओपी प्रभारी को भी दी गयी है। आवेदन पर मनोज साह व तालाब बचाओ अभियान के संयोजक नारायण जी चौधरी के हस्ताक्षर हैं।
