इनमें से 7 शिलापट्ट पर माता सीता के जीवन पर आधारित झांकी प्रस्तुत की गई है, जिनमें सीता जन्म, फुलवारी, विवाह पंचमी, डोली कहार, अग्नि परीक्षा आदि शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि शेष 3 शिलापट्ट पर राधा-कृष्ण, कृष्ण सुदामा और कवि कोकिल विद्यापति जी की झांकी दर्शायी गई है। इन शिलापट्ट के साथ पौधारोपण का कार्य भी कराया जा रहा है।
शिलापट्ट लगाने का मुख्य उद्देश्य कला के क्षेत्र में अपनी पहचान बना चुके इस क्षेत्र की कलाओं को दूर दराज तक पहुंचाने की है।
जल संसाधन और सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री संजय कुमार झा रविवार को एयरफोर्स स्टेशन की बाढ़ एवं जलजमाव से पुख्ता सुरक्षा तथा देश-विदेश से दरभंगा एयरपोर्ट पहुंचने वाले यात्रियों को मिथिला की कला से रू-ब-रू कराने के लिए जल संसाधन विभाग की ओर से कराए जा रहे कार्यों का स्थल निरीक्षण किया था।
इस मौके पर उन्होंने विभागीय अधिकारियों को योजना के अंतिम चरण के शेष कार्यों को अगले 15 दिनों में पूरा करने सहित कई जरूरी निर्देश दिए।
बाढ़ एवं जलजमाव से पुख्ता सुरक्षा के लिए जल संसाधन विभाग की ओर से इसके चारों ओर सुरक्षात्मक रिंग बांध का सुद्रढ़ीकरण किया गया है और इसके 95 मीटर गैप में नए बांध का निर्माण कराया गया है।
Posted inFeatured