कुशेश्वरस्थान के पक्षी अभ्यारण्य के विकास हेतु संबंधित पदाधिकारियों के साथ किया विचार-विमर्श
दरभंगा। कुशेश्वरस्थान एवं कुशेश्वरस्थान पूर्वी प्रखण्ड में जल-जमाव के कारण आम नागरिकों एवं विशेषकर किसानों को हो रही कठिनाईयों को देखते हुए जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एस.एम द्वारा 30 नवम्बर 2021 को कुशेश्वरस्थान प्रखण्ड के उत्क्रमित मध्य विद्यालय, हरौली में जल संसाधन विभाग के जल निस्तारण विभाग के कार्यपालक अभियंता, परियोजना निदेशक (आत्मा), दरभंगा, कृषि विभाग के कृषि वैज्ञानिकों, कुशेश्वरस्थान एवं कुशेश्वरस्थान पूर्वी प्रखण्ड के प्रखण्ड विकास पदाधिकारी, अंचलाधिकारी, किसान सलाहकार, कृषि पदाधिकारी आदि के साथ समीक्षा बैठक की गयी।
समीक्षा बैठक में जल-जमाव की स्थिति को दूर करने हेतु कमला नदी से गाद को हटाकर उड़ाही कराने एवं जलजमाव वाले क्षेत्रों में किसानों के लिए मखाना, बिना काँटा वाला सिंघाड़ा एवं कमल फूल की खेती करने की बिन्दु पर गहन रूप से विचार विमर्श किया गया।
इसके अतिरिक्त उक्त क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अवस्थित जलकुंभी को हटाकर वर्मी कंपोस्ट बनाने आदि पर भी विचार विमर्श किया गया। सभी पदाधिकारियों को तत्संबंधी स्थल निरीक्षण करते हुए योजना तैयार करने हेतु निर्देशित किया गया, ताकि उस क्षेत्र में किसानों को अधिक से अधिक फायदा मिल सके एवं रोजगार मुहैया कराया जा सके।
जिलाधिकारी के द्वारा भ्रमण के दौरान कमला नदी के हरौली के पास निरीक्षण भी किया गया। इसके साथ ही कुशेश्वरस्थान से फूलतोड़ा घाट जाने वाली सड़क में कुशेश्वरस्थान के पास अवस्थित पुल से भी नदी का निरीक्षण किया गया।
इसके अतिरिक्त कुशेश्वरस्थान पूर्वी में पक्षी अभ्यारण का कुशेश्वरस्थान में वाच टावर से भी निरीक्षण किया गया तथा पक्षी अभ्यारण के विकास हेतु सभी संबंधित पदाधिकारियों के साथ चर्चा की गयी।
मौके पर उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया, वरीय उप समाहर्त्ता सत्यम सहाय एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।