दरभंगा।पारस ग्लोबल अस्पताल के डॉक्टरों ने एक बेहद बुजुर्ग महिला सावित्री झा(79 वर्ष) को टीम वर्क व अथक प्रयास से बचा लिया। उक्त महिला को सात जुलाई को बेहोशी की हालत में अस्पताल में लाया गया था। यहां वो इंटरनल मेडिसिन के डॉ. सैयद युसूफ के अंदर भर्ती की गई थी। उन्हें मधुमेह, सीओपीडी और हाइपरटेंशन की समस्या है। जांच में शरीर में कार्बन डाई ऑक्साइड का स्तर ज्यादा पाया गया। उन्हें एनआईवी सपोर्ट बाइपेप पर रखा गया। इलाज के प्रोटोकॉल का अनुसरण करते हुए इलाज किया गया। आठ घंटा में उन्हें होश आया और पुन: जांच में कार्बन डाई ऑक्साइड का स्तर भी सामान्य पाया गया।
पारस ग्लोबल अस्पताल के यूनिट हेड प्रणताप दास गुप्ता ने बताया कि दो दिन बाद उक्त महिला को डिस्चार्ज किये जाने के दौरान उनके पुत्र पीएन झा वहाँ मौजूद थे। बातचीत के दौरान पता चला कि वो आईएएस हैं और फिलवक्त भारत सरकार के एमएसएमई में कमिश्नर हैं। उन्होंने पारस ग्लोबल अस्पताल की काफी तारीफ की है। कहा है कि अस्पताल की सेवा काफी अच्छी है। यहां के डॉक्टरों और स्टाफ ने उनकी मां का काफी का ख्याल रखा, जिसकी वजह से वो स्वस्थ हो गई। श्री झा ने बकायदा एक पत्र लिखकर अस्पताल की तारीफ की है।
सावित्री झा के इलाज में एनेस्थीसिया के डॉ. अजय कुमार, डॉ. इरफान, जनरल सर्जरी के डॉ. आरके गुप्ता और गेस्ट्रोएंट्रोलॉजी के डॉ. एसके झा शामिल थे।