वारिसलीगंज थानाक्षेत्र के स्थानीय बंदी शंकर कन्या उच्च विद्यालय के सेवानिवृत्त लिपिक थाना क्षेत्र के सौर पंचायत स्थित दौलतपुर निवासी उपेन्द्र सिंह हत्याकांड में संलिप्त एक आरोपी को पुलिस ने देसी कट्टा व कारतूस के साथ शनिवार को गिरफ्तार किया है।
रविवार को प्रेसवार्ता कर पकरीबरावां एसडीपीओ महेश चौधरी ने बताया कि उक्त हत्याकांड का खुलासा को लेकर एसपी अम्बरीष राहुल द्वारा एक टीम का गठन किया गया। उक्त टीम पकरीबरावां एसडीपीओ के नेतृत्व में गठन किया गया।
जिसमें वारिसलीगंज थानाध्यक्ष आशीष कुमार मिश्रा व जिला सूचना इकाई सहित अन्य पुलिस पदाधिकारी को लगाया गया। इस दौरान मोबाइल लोकेशन व सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हत्यारों की पहचान की गई।
जिसके बाद शेखपुरा जिला के शेखोपुरसराय थाना क्षेत्र स्थित ओनामा निवासी महेश कुमार सिंह के पुत्र राहुल कुमार को बरवीघा-वारिसलीगंज पथ पर स्थित सरकट्टी मोड़ से हत्या में प्रयुक्त एक लोडेड देसी कट्टा 315 बोर का एक कारतूस व एक खोखा, बाइक और मोबाइल के साथ गिरफ्तार किया गया।
पुरानी रंजिश को लेकर दौलतपुर निवासी अनिल सिंह के पुत्र गुड्डू सिंह व बाढ़ जिले के बकमा गांव निवासी रघुनाथ सिंह जो दूसरे हत्या मामले में बेऊर जेल में बंद है। वहीं से लिपिक उपेन्द्र की हत्या का साजिश रची गई थी। गिरफ्तार राहुल रघुनाथ सिंह के संबंधी बताया जाता है।
एसडीपीओ ने बताया कि उक्त हत्याकांड में षडयंत्रकर्ता ने अपने छोटे भाई दौलतपुर निवासी सुधांशु कुमार उर्फ लाला व रघुनाथ के संबंधी राहुल को लगाया गया। जिसके बाद लाला व राहुल ने मिलकर 11 जुलाई 23 को तकरीबन चार बजे वारिसलीगंज बाजार स्थित घर पर लिपिक उपेन्द्र सिंह को गोली मारकर हत्या किया था।
पुलिस बेऊर जेल में बंद दो साजिशकर्ताओं को भी रिमांड पर लेने की तैयारी में है। गौरतलब है कि मृतक उपेंद्र सिंह घटना के वक्त अपने नवनिर्मित मकान में अकेले बैठे थे। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोगों ने स्थानीय पुलिस को सुचना दिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची तो उपेंद्र मृत पड़े थे। अपराधी घटना को अंजाम देकर फरार हो गए थे। प्रेसवार्ता में थाना अध्यक्ष आशीष कुमार मिश्रा व अन्य अधिकारी मौजूद थे।

