आपके बाड़ा बाबू हड़ताल पर हैं, अहम विभागों का काम प्रभावित
दस सूत्री मांग को लेकर डटे हैं धरने पर
लगातार चौथे दिन जारी रहा अनुसचिवीय कर्मचारियों का विरोध
संजय मिश्र
दरभंगा
जिला प्रशासन की रीढ़ माने जाने वाले अनुसचिवीय कर्मचारी दुखों से गुजरते .. ऐसी कल्पना आम जन के जेहन में आए .. कम ही देखने को मिलता है। परेशानी लिए किसी दफ्तर पहुंचने पर लोगों का सबका पहले इन्हीं कर्मचारियों से पड़ता है। सरकारी अमले की कार्य शैली से आप संतुष्ट नहीं हैं और हाकिम के पास अपनी वेदना लिए पहुंच गए तो नोटिंग्स के साथ आपकी फाइल इन्हीं कर्मचारियों के पास वापस पहुंच जाती है। समाधान इन्हें ही खोजना पड़ता है। अमूमन, समाज इन्हें – बड़ा बाबू – के सामूहिक नाम से जानता है।
मंगलवार 12 अगस्त 2025 को उमस भरी गर्मी में पोलो ग्राउंड के धरना स्थल पर लगातार चौथे दिन इनका जुटान हुआ। जी हां, वे हड़ताल पर हैं। अनिश्चित कालीन। मांगें माने जाने तक। बिहार अनुसचिवीय कर्मचारी संघ (गोप गुट) के दरभंगा जिला अध्यक्ष सुरेश मंडल की अगुवाई में जिला पंचायत शाखा, जिला नजारत शाखा, जिला आपूर्ति शाखा, जिला विधि शाखा, जिला अभिलेखागार, जिला सामान्य शाखा, सदर अनुमंडल कार्यालय एवं अन्य शाखाओं के सदस्य एक एक कर धरना स्थल पर पहुंचते गए और मांगों के प्रति एकजुटता दिखाई। जिला अध्यक्ष सुरेश मंडल ने कहा कि संघ की दस मांगें व्यवहारिक हैं। सरकार को मांगों के प्रति संवेदना दिखानी चाहिए। रिकॉर्ड रूम के बड़ा बाबू अशोक पासवान ने कहा कि सरकार का लचीला रुख उन्हें प्रतिबद्धता से काम करने को प्रेरित करेगा। धरने पर बैठे भू अर्जन के कर्मचारी दीप राज ने बताया कि उन्हें जिम्मेदारियों का अहसास है। यही कारण है कि धरना स्थल पर आने से पहले वे अपने जूनियर को कई फाइल्स तैयार करने की टिप्स देकर आए हैं।
बीमा की राशि बढ़ाने, कैशलेस इलाज की सुविधा, एल डी सी का ग्रेड पे 2800 रुपए करने, पदनाम बदलने सहित 10 मांगें पूरा करने के लिए वे सरकार से व्याकुल हो अनुरोध कर रहे हैं। अनिता, संतोष कुमार रमन, नीतीश कुमार, पंकज कुमार, शशि सक्सेना, सुमित कुमार वर्णवाल, संजय कुमार, हर्ष कुमार, बबलू कुमार, सिद्धार्थ कुमार, प्रमोद कुमार यादव, शिव सागर यादव, अभिषेक कुमार, राजन कुमार, नमन रंजन, विनोद पासवान, चंद्र किशोर रावत, संतोष कुमार मंडल, अजीत कुमार, अभिमन्यु कुमार, संजीव श्रीवास्तव, धनंजय कुमार, संजय सहनी, मीनू कुमारी सहित संघ के अनेक सदस्यों ने संबोधन दिया। इनका हौसला बढ़ाने राजा कुमार पासवान भी पहुंचे थे।
सेवा लाभ संबंधी त्रुटियां अनुसचिवीय कर्मचारियों के मनोबल को सालती रहती है। काम की अहमियत का अहसास इतना कि अन्य दवाब समूह की तरह अपने हक के लिए अक्सर वोकल नहीं रहते। इनका हड़ताल पर चले जाना ही खबर है और आम जन में कौतूहल का विषय बना है।

