गौरतलब है कि, आज अपने मीडिया संवाद में ठाकरे गुट के कद्दावर नेता और सांसद संजय राउत ने शिंदे-फडणवीस सरकार पर एक बार फिर जोरदार हमला बोला था और कहा था कि, शिंदे-फडणवीस सरकार की अब एक ही मंशा दिखाई देती है। वह राज्य में यह सरकार दंगे करवाना चाहती है। इस पूरे घटना पर गृहमंत्री का अस्तित्व कहीं दिखाई नहीं दे रहा है। पता नहीं क्यों फडणवीस के चेहरे पर मायूसी साफ दिखाई दे रही है। वो फडणवीस दिखाई नहीं देते जिन्हें हम और आप जानते हैं।
वहीं अब मामले पर राज्य के गृहमंत्री फडणवीस ने पलटवार करते हुए कहा कि, “यह एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना है, फिलहाल वहां शांति लाने की कोशिश जारी है, कुछ लोग अब भी स्थिति खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। खासकर राजनेताओं को सावधान रहना चाहिए कि वे ऐसे समय में कैसे व्यवहार करते हैं। कुछ नेता स्वार्थ के लिए बेतुका बयान दे रहे हैं, उन्हें आइसे ओछी राजनीती नहीं करना चाहिए।”
पता हो कि, महाराष्ट्र के औरंगाबाद में कुछ युवाओं के बीच भ्यानाकर झड़प होने के बाद 500 से अधिक लोगों की गुस्साई भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर कथित तौर पर हमला कर दिया। यह घटना बीते बुधवार रात को किराडपुरा में हुई है, जहां एक प्रसिद्ध राम मंदिर है और इस मंदिर में रामनवमी के अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों के आने की संभावना है।